5 सितंबर 2020 लियाक़त कुरैशी
भगवानपुर:-बीडी इंटर कॉलेज भगवानपुर में भारत के द्वितीय राष्ट्रपति डॉ सर्वपल्ली राधाकृष्णन की 132 वीं जयंती बहुत ही हर्षोल्लास के साथ मनाई गई ।
डॉ राधाकृष्णन को भावपूर्ण स्मरण करते हुए एवं अपने श्रद्धा सुमन अर्पित करते हुए विद्यालय के प्रधानाचार्य संजय गर्ग ने कहा कि डॉक्टर राधाकृष्णन एक छोटे से परिवार से निकलकर अपनी विद्वता, कर्तव्य परायणता एवं शिक्षा के क्षेत्र में उत्कृष्ट एवं उल्लेखनीय कार्य करते हुए भारत के सर्वोच्च पद पर आसीन हुए।डॉ राधाकृष्णन पहले भारतीय थे जिन्होंने ऑक्सफोर्ड विश्वविद्यालय में अध्यापन कार्य किया। डॉ राधाकृष्णन आंध्र प्रदेश विश्वविद्यालय तथा बनारस हिंदू विश्वविद्यालय के उप कुलपति के साथ-साथ यूनिवर्सिटी ग्रांट कमीशन के चेयरमैन तथा सोवियत संघ में भारत के राजदूत भी रहे।डॉ राधाकृष्णन सच्चे अर्थों में एक आदर्श एवं राष्ट्रभक्त शिक्षक थे ।उन्होंने शिक्षकों का सम्मान बढ़ाने के लिए उल्लेखनीय कार्य किए। शिक्षा के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य करने के लिए उनको *वर्ष1954 मे भारत रत्न*की उपाधि से सम्मानित किया गया। भारत सरकार 1962 से प्रतिवर्ष उनके जन्म दिवस को शिक्षक दिवस के रूप में मनाती रही हैl
वरिष्ठ शिक्षक संजय पाल ने कहा कि राष्ट्र एवं चरित्र निर्माण के लिए सभी शिक्षक साथियों को अपना सर्वस्व निछावर करने के लिए तैयार रहना चाहिए ।हमें समाज में ऐसे वातावरण का सृजन करना होगा तथा बच्चों को ऐसे संस्कार देने होंगे जिससे एक शिक्षक अपने संपूर्ण जीवन काल में कम से कम एक गांधी, टैगोर, सुभाष ,आजाद ,भगत सिंह ,बसु तथा रमन जैसा वैज्ञानिक पैदा कर सकें।
कार्यक्रम की अध्यक्षता स्कूल प्रबंधन समिति के अध्यक्ष सत्येंद्र वर्मा ने की तथा संचालन डॉ विजय त्यागी ने किया।इस अवसर पर रजत बहुखंडी ,सुधीर सैनी, नेत्रपाल ,संजय पाल,कु ललिता, श्रीमती रितु वर्मा, श्रीमती कल्पना सैनी,कु अर्चना पाल, तथा श्री सैयद त्यागी आदि उपस्थित रहे।

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