भगवानपुर। मिशन 2027 को लेकर राजनीतिक सरगर्मियां तेज होने लगी हैं। भगवानपुर विधानसभा सीट पर भाजपा की ओर से टिकट के संभावित दावेदारों को लेकर चर्चाओं का दौर शुरू हो गया है। इसी बीच सुशील पैंगोवाल का नाम प्रमुखता से सामने आने से स्थानीय सियासी माहौल गरमा गया है।
पार्टी के भीतर टिकट को लेकर कई अन्य दावेदार भी अपनी-अपनी दावेदारी मजबूत करने में जुटे हैं। ऐसे में आने वाले समय में भाजपा का टिकट किसके खाते में जाता है, इसको लेकर कार्यकर्ताओं और क्षेत्र की जनता के बीच चर्चा तेज हो गई है।
सुशील पैंगोवाल का कहना है कि पार्टी नेतृत्व जो भी जिम्मेदारी देगा, उसे पूरी निष्ठा के साथ निभाया जाएगा। उन्होंने कहा कि उनका उद्देश्य क्षेत्र की जनता के बीच लगातार सक्रिय रहना और उनकी समस्याओं को मजबूती से उठाना है। “टिकट का फैसला पार्टी नेतृत्व को करना है। मैं संगठन और जनता के बीच लगातार काम कर रहा हूं और आगे भी करता रहूंगा,”
वहीं, क्षेत्र के लोगों का कहना है कि चुनाव में पार्टी को ऐसे चेहरे को प्राथमिकता देनी चाहिए जो जनता के बीच लगातार मौजूद रहे और स्थानीय समस्याओं को समझता हो। कुछ लोगों के बीच सुशील पैंगोवाल की सक्रियता को लेकर सकारात्मक चर्चा भी देखने को मिल रही है, जबकि अन्य संभावित दावेदार भी अपनी पकड़ मजबूत करने में लगे हैं।
राजनीतिक जानकारों की नजर अब इस बात पर है कि भाजपा भगवानपुर सीट पर किस चेहरे पर भरोसा जताती है। फिलहाल टिकट की दौड़ में कई नाम चर्चा में हैं, लेकिन सुशील पैंगोवाल का नाम सुर्खियों में आने से मुकाबला दिलचस्प होता दिखाई दे रहा है।
जनता की कसौटी पर कौन खरा उतरता है और पार्टी नेतृत्व किसे मैदान में उतारता है—इसका फैसला आने वाले दिनों में भगवानपुर की सियासत की दिशा तय कर सकता है।

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